Home Cricket दिनेश कार्तिक ने तोड़ी चुप्पी, हार्दिक पांड्या को स्ट्राइक ना देने पर...

दिनेश कार्तिक ने तोड़ी चुप्पी, हार्दिक पांड्या को स्ट्राइक ना देने पर दिया ऐसा जवाब !

दोस्तो इन दिनो भारत और साउथ अफ्रीका के बीच टी20 सीरीज खेली जा रही है। जिसके 4 मुकाबले संपन्न हो चुके है। दोस्तो आपको याद होगा, की हार्दिक और दिनेश पहले टी 20 मुकाबले में जब क्रीज पर मौजूद थे, तो हार्दिक ने डीके को स्ट्राइक नही दी थीI

जिसके चलते उन्हें आलोचकों का शिकार बनना पड़ा था। बल्कि बात यहां तक पहुंच गई थी, की पूर्व खिलाड़ी और गुजरात टाइटंस के कोच आशीष नेहरा ने कह दिया था, की सामने डीके थे मैं नहीं।

हालाकि अब ये बात पुरानी हो चुकी है। लेकिन जब चौथे टी20 मुकाबले में दिनेश ने हार्दिक पांड्या के साथ दमदार पारी को अंजाम दिया तो एक बार फिर से इस बात का जिक्र होने लगा है। और अब डीके ने स्ट्राइक न देने पर हार्दिक पांड्या को जवाब दिया है।

मैच के बाद हार्दिक और दिनेश ने बातचीत की, पांड्या ने डीके से पूछा, की ये पिच फ्लैट थी तो आप क्या सोच रहे थे? आपके दिमाग में क्या चल रहा था?

डीके ने इसका जवाब देते हुए कहा, की शुरुवात के 2.3 विकेट गिरने के बाद ये हमेशा चुनौतीपूर्ण होता है। लेकिन टी20 फॉर्मेट एक ऐसा फॉर्मेट है, जिसमे आखरी के ओवरों में रन हासिल करना बेहद जरूरी होता है।

जैसे जैसे हमारी पार्टनरशिप बढ़ती गई, वैसे वैसे हम एंजॉय करते गए और सारा दवाब विपक्षी टीम पर आ गया।

इसके बाद डीके ने हार्दिक पांड्या से पूछा, की भारतीय टीम और गुजरात टाइटंस के तरफ से खेलते हुए आप कोई बदलाव महसूस करते है।

आप कप्तान भी बनाए गए है। इसके बारे में आप क्या कहेंगे? जिस पर पांड्या ने कहा, की सच कहूं तो मेरे लिए कोई बदलाव नहीं है। मैं परिस्थितियों के अनुसार खेलने में विश्वास रखता हूं। और हमेशा समय के मुताबिक बेहतर होने की कोशिश करता रहता हूं।

पांड्या ने कहा, मेरे करियर के शुरुआती दिनों में मैंने माही भाई से एक सवाल पूछा था कि आप प्रैशर से कैसे बाहर निकलते हैं? तो उन्होंने बहुत आसान सा जवाब दिया।

उन्होंने कहा, अपने स्कोर के बारे में सोचना बंद कर दो और अपनी टीम की जरूरत के बारे में सोचना शुरू कर दो। वो सीख मेरे दिमाग में घुस गई और यही वह चीज है, जो मुझे एक बेहतर खिलाड़ी बनने की प्रेरणा देती है।

डीके ने कहा, की मैं भारतीय टीम के लिए हमेशा ही कुछ अलग और अच्छा करना चाहता हूं, और खुशकिस्मती से आरसीबी ने मुझे वो मौका दिया। मैने आरसीबी के साथ रहकर बैक एंड रोल अदा किया।

इसके लिए मैने बहुत मेहनत की है, और इसी का परिणाम है, की आज मुझे फैंस से इतना प्यार मिल रहा है। मैं भारतीय टीम के लिए वो मेहनत करना चाहता हूं जिससे हम वर्ल्ड कप हासिल कर सके।

आगे डीके ने कहा, की मैने बाहर बैठकर इस टीम को देखा है, और मुझे अच्छे से पता है, की भारतीय टीम में जगह बना पाना कितना मुश्किल काम है? भारतीय टीम के लिए कितना कंप्टशन और टैलेंट भरा पड़ा है।

भारतीय टीम के साथ ड्रेसिंग रूम में सबके साथ एंजॉय करना बहुत अच्छा हैं। और मैं इस यूथफुल एनर्जी को अच्छे से एंजॉय कर रहा हूं।

डीके ने बातो ही बातो में पांड्या से कहा, मेरे आसपास तुम्हारे जैसे लोग हैं, जिनके साथ मैंने बॉन्ड डवलप किया है। आप जैसे लोगों के साथ मैं अपना टाइम एंजॉय कर रहा हूं।

थैंक्यू तुमने मुझे जो सपोर्ट दिया, कभी कभी तुम मुझे अंदर रहकर बहुत सपोर्ट करते हो, कभी कभी नहीं भी करते हो, कोई बात नहीं मैं मैनेज कर लेता हूं।

डीके के इतना कहते ही हार्दिक जोर से हंसे, डीके खुद भी मुस्कुरा दिए। डीके ने इशारों इशारों में स्ट्राइक न देने की शिकायत कर दी और हार्दिक इसे समझ भी गए।

हार्दिक ने आगे कहा, की मैं सीरियसली आपसे एक बात कहना चाहता हूं, निश्चित रूप से आप कई लोगो की प्रेरणा हो। मुझे पता है, की आईपीएल के बाद से आपके बारे में क्या क्या बाते हो रही थी?

लोग आपको बाहर मान चुके थे, लेकिन आपने कहा था, की मुझे भारत के लिए वर्ल्ड कप खेलना है। इसके लिए आप जो भी कर रहे है, वो काबिले तारीफ है। थैंक्यू ब्रदर मुझे आप पर गर्व है।